भारतीय वायुसेना और थलसेना (Indian Army) को सोमवार, 3 अक्टूबर को स्वदेशी रूप से डिजाइन और विकसित लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर (Light Combat Helicopters) मिलने जा रहे हैं। इस हेलीकॉप्टर के सेना में शामिल होने से वायुसेना की युद्धक क्षमता में काफी बढ़ोत्तरी होगी। ये हेलीकॉप्टर धीमी गति से चलने वाले विमान, ड्रोन और बख्तरबंद वाहनों से युद्ध की स्थिति में सेना की युद्ध क्षमता को बढ़ाएंगे। इन हेलीकॉप्टर्स को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह वायुसेना प्रमुख वीआर चौधरी की मौजूदगी में आधिकारिक तौर पर जोधपुर वायु सेना बेस पर वायुसेना में शामिल करेंगे। इन्हें हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने विकसित किया है। बता दें कि इससे पहले स्वदेशी रूप से डिजाइन और विकसित लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर (LCH) को 29 सितंबर को भारतीय सेना में शामिल किया गया। पहले LCH को औपचारिक रूप से हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) के महानिदेशक ने आर्मी एविएशन कॉर्प्स को सौंपा। LCH के 15 सीमित संस्करण में से 10 हेलीकॉप्टर भारतीय वायु सेना के लिए हैं और पांच सेना के लिए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में सुरक्षा कैबिनेट समिति ने कुछ महीने पहले ही LCH के खरीद को मंजूरी दी थी।ये हेलीकॉप्टर धीमी गति से चलने वाले विमान, ड्रोन और बख्तरबंद वाहनों से युद्ध की स्थिति में भारतीय वायुसेना की युद्ध क्षमता को बढ़ाएंगे।
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