(India)
सुप्रीम कोर्ट ने मानहानि केस में राहुल गांधी की 2 साल की सजा पर शुक्रवार को रोक लगा दी। अदालत ने कहा कि इस बात में कोई शक नहीं कि जो भी कहा गया, वह अच्छा नहीं था। नेताओं को जनता के बीच बोलते वक्त सावधानी बरतनी चाहिए। यह राहुल गांधी का कर्तव्य बनता है कि इसका ध्यान रखें, इसके पहले सुप्रीम कोर्ट ने शिकायतकर्ता पूर्णेश मोदी के वकील महेश जेठमलानी से भी सवाल किया था कि अधिकतम सजा क्यों दी गई। कम सजा भी दी जा सकती थी। 1 साल 11 महीने की सजा हो सकती थी। ऐसे में राहुल डिस्क्वालिफाई नहीं होते।
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