(India)
राजस्थान के स्टूडेंट्स ने एक और अचीवमेंट हासिल की है. स्वतंत्रता दिवस के मौके पर प्रदेश के 55 लाख से ज्यादा स्टूडेंट्स ने 15 मिनट तक संविधान के मौलिक कर्तव्य और उद्देश्य को पढ़कर एक मिसाल पेश की और वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है. इस अनूठे मिसाल के लिए वर्ल्ड बुक ऑफ रिकॉर्ड के इंडिया एडिशन की ओर से राजस्थान के स्कूल शिक्षा विभाग को प्रोविजनल सर्टिफिकेट भी दिया गया. बड़े ही सम्मान और आदर भाव से इस प्रोविजनल सर्टिफिकेट को शिक्षा विभाग के शासन सचिव नवीन जैन ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को सौंपा. राजस्थान के स्कूल शिक्षा के शासन सचिव नवीन जैन ने बताया कि शिक्षा विभाग के 65 हजार से ज्यादा सरकारी और कई प्राइवेट स्कूल में एक आह्वान किया गया जिसमें 15 अगस्त के दिन सभी स्कूल में 8:15 से 8:30 बजे के बीच स्वतंत्रता दिवस समारोह में स्टूडेंट्स एक साथ संविधान के उद्देश्य और मूल कर्तव्य पढेंगे. दरअसल इसका मकसद संविधान की उद्देशिका और मूल कर्तव्यों को बच्चों के बीच प्रचार-प्रसार करना था. जब बच्चे एक साथ एक सुर में संविधान के उद्देश्य और मूल कर्तव्य पढ़ रहे थे, तब इसका रिकॉर्ड पोर्टल पर लिया गया.
Digital Desk: Administrator
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।