(India)
रविवार सुबह 1 बजकर 50 मिनट पर चंद्रयान-3 का दूसरा और फाइनल डीबूस्टिंग ऑपरेशन पूरा हुआ। ISRO के द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार इस डीबूस्टिंग ऑपरेशन के बाद अब लैंडर की चंद्रमा से न्यूनतम दूरी 25 किमी और अधिकतम दूरी 134 किमी है। बता दें कि डीबूस्टिंग ऑपरेशन में स्पेसक्राफ्ट की स्पीड को धीमा किया जाता है। डीबूस्टिंग ऑपरेशन के बाद ISRO ने ट्वीट कर बताया कि अब लैंडर की इंटरनल जांच होंगी और लैंडिंग साइट पर सूरज के उगने तक इंतजार होगा और 23 अगस्त को शाम 5:45 बजे सॉफ्ट लैंडिंग की कोशिश की जाएगी। अगर लैंडिंग के दौरान किसी तरह की समस्या आती है तो एक महीने बाद फिर कोशिश करनी होगी क्योंकि इसके बाद वहां अगली सुबह 28 दिन बाद होगी और तब तक चंद्रयान-3 को अगली सुबह का इंतजार करना होगा।
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