कनाडा के प्रधानमंत्री ने कहा कि उनके देश में बोलने व मानवाधिकार की आजादी है, इसमें किसी भी प्रकार की दखलंदाजी नहीं की जा सकती लेकिन इसी के आधार पर कनाडा में खालिस्तान की लहर पनप रही है और इसी चक्कर में भारत विरोधी ताकतें व अपराधी कनाडा में अपनी गतिविधियों का बहुलात्मक केंद्र चला रहे हैं।
Digital Desk: Administrator
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।