'जलवायु परिवर्तन से निपटने की चुनौती में उम्मीद खोने की जरूरत नहीं'
(India) जलवायु परिवर्तन पर नोबेल पुरस्कार विजेता अंतरसरकारी समिति के अध्यक्ष राजेंद्र पचौरी ने कोपेनहेगन में आईपीसीसी के पांच दिवसीय सम्मेलन के उद्घाटन पर कहा, ‘उम्मीद खोने की जरूरत नहीं है।’ उन्होंने कहा कि नीति-निर्माताओं को जलवायु परिवर्तन से निपटने को लेकर नाउम्मीदी से उबरने का प्रयास करना चाहिए। इस सम्मेलन में जलवायु विज्ञान पर आईपीसीसी की पांचवीं मूल्यांकन रिपोर्ट के पिछले 13 महीनों में जारी तीन बड़े हिस्सों के एक संकलन पर मुहर लगने की संभावना है। बंद दरवाजे में होने वाली बैठक में वैज्ञानिक और सरकारी प्रतिनिधि नीति-निर्माताओं के लिए संक्षिप्त सार-तत्व का खाका तैयार कर सकते हैं और वे शुक्रवार को एक प्रमुख दस्तावेज को मंजूरी देंगे। इनका विमोचन रविवार को किया जाएगा। पचौरी ने आईपीसीसी की वेबसाइट पर जारी एक भाषण में कहा है कि सरकारों को विज्ञान प्रभावित फैसले लेने चाहिए। उन्होंने चुनौतियों का उल्लेख करते हुए कहा, ‘मैं इन चुनौतियों को आसान नहीं कहता। लेकिन समाधान भी हैं।’ पचौरी ने कहा, ‘स्वच्छ उर्जा के वैकल्पिक स्रोतों के लिए अत्यंत प्रयास किये जा रहे हैं। उर्जा का और अधिक प्रभावी तरीके से इस्तेमाल करने के लिए हम बहुत कुछ कर सकते हैं। वन कटाई को कम करके और अंतत: समाप्त करके अतिरिक्त रास्ते तलाशे जा सकते हैं।’

Digital Desk: Shiv Kishor

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।