(DELHI, India)
एनजीटी के अध्यक्ष न्यायमूर्ति स्वतंत्र कुमार की अध्यक्षता वाली एक पीठ ने आज आसाराम के आश्रम द्वारा किये गये अतिक्रमण एवं अवैध निर्माण को हटाने का निर्देश जारी किया । साथ ही उससे इसका खर्च वहन करने एवं 1000 पेड़ लगाने को कहा गया है । इससे पूर्व अधिकरण द्वारा गठित एक समिति ने सूचित किया था कि राजधानी की पारिस्थितिकी की दृष्टि से संवेदनशील सेण्ट्रल रिज इलाके में आश्रम ने ‘व्यापक पैमाने ’ पर अवैध निर्माण किया है । अधिकरण ने सेण्ट्रल रिज इलाके के एक हिस्से के निरीक्षण के लिये अतिरिक्त मुख्य वन संरक्षरक , राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली , पर्यावरण एवं वन मंत्रालय के एक प्रतिनिधि तथा रिज प्रबंधंन बोर्ड के प्रतिनिधि वाली एक समिति गठित की थी । अधिकरण को सौंपी गयी अपनी रिपोर्ट में समिति ने कहा कि आश्रम में ‘बड़े पैमाने ’ पर अवैध ढांचे हैं । आश्रम परिसर में विस्तृत सर्वेक्षण करने वाली समिति ने पाया कि वहां अस्थायी और स्थायी ढांचे हैं जो 1996 के नक्शे में नहीं हैं । तकरीबन 350 फुट सम्पर्क मार्ग के साथ कुल क्षेत्र 4312 वर्ग गज दिखाया गया है । अधिकरण ने समिति से यह सूचित करने को भी कहा था कि क्या हाल में कोई निर्माण किया गया । संजय कुमार की याचिका पर अधिकरण का यह निर्देश आया ।
Author: JAN TV Editorial Team
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