आम आदमी पार्टी (आप) की मुश्किलें खत्म नहीं हो रही हैं। आप के नेता प्रशांत भूषण ने पार्टी छोड़ने का संकेत दिया है। प्रशांत ने केजरीवाल के नाम खुली चिट्ठी लिखी है। प्रशांत भूषण ने लिखा है कि पार्टी में रहना है या इसे कब्जे से मुक्त कराना है, इसका फैसला 14 अप्रैल की बैठक में होगा। 14 अप्रैल को प्रशांत और योगेंद्र श्आपश् के असंतुष्ट नेताओं के साथ बैठक करेंगे। चिट्ठी का अंत करते हुए भूषण ने श्गुडबाय...गुडलकश् लिखा। प्रशांत भूषण ने चिट्ठी में लिखा है कि लोकसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद अरविंद केजरीवाल किसी भी सूरत में दिल्ली में अपनी सरकार बनाना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने सीधे कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से भी संपर्क करने की कोशिश की थी। भूषण ने लिखा, श्आपने निखिल डे से गुजारिश की थी कि वे कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से कहें कि दिल्ली में आप की सरकार बनाने के लिए कांग्रेस उन्हें समर्थन करे। यह अलग बात है कि डे ने आपकी बात मानने से इन्कार कर दिया था।श् खुले खत में प्रशांत भूषण ने केजरीवाल की तुलना स्टालिन से करते हुए कहा है कि केजरीवाल ने पार्टी के साथ जो किया है, उसके लिए इतिहास और ईश्वर उन्हें माफ नहीं करेंगे। स्टालिन रूस का तानाशाह था।
Digital Desk: Kamal
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।