भारतीय रिजर्व बैंक की दो महीने में होने वाली मौद्रिक नीति की बैठक आज से शुरू हो गई है। हालांकि इस बार भी दरों में बदलाव की कोई उम्मीद नहीं है। अमेरिका का सेंट्रल बैंक अगले महीने से ब्याज दरों को बढ़ाने की घोषणा करेगा। वह साल भर में 4 से 5 बार ऐसा करेगा। रिजर्व बैंक ग्रोथ पर फोकस रखेगा और इसके लिए वह दरों में बदलाव नहीं करेगा। यह ठीक सरकार की लाइन के अनुसार है। बजट में भी सरकार ने पूरी तरह से ग्रोथ पर फोकस किया है। रिजर्व बैंक की मीटिंग का फैसला 10 फरवरी को आएगा। इस दौरान उसे कोविड की तीसरी लहर, क्रिप्टोकरेंसी पर गाइडलाइंस, महंगाई और अन्य मुद्दों पर फोकस करना होगा। अभी रेपो रेट 4 फीसदी और रिवर्स रेपो रेट 3.35 फीसदी है। आरबीआई ने लगातार 9वीं बार रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया है। मई 2020 से यह उसी लेवल पर है।
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