इससे पहले गुरुवार देर रात पुलिस ने चंपत राय के करीबी रमाशंकर यादव उर्फ टिन्नू समेत 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया। सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जाएगा, जहां पुलिस उनकी 14 दिन की रिमांड की मांग कर सकती है।
इस मामले की पहली एफआईआर ट्रस्ट सदस्य कृष्ण मोहन की शिकायत पर दर्ज की गई थी। हालांकि एफआईआर में चंपत राय, डॉ. अनिल मिश्रा या ट्रस्ट के किसी अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी का नाम शामिल नहीं है। यह मामला पहली बार 7 जून को सामने आया था। इसके बाद 13 जून को उत्तर प्रदेश सरकार ने एसआईटी का गठन किया और 23 जून को एसआईटी ने अपनी प्रारंभिक रिपोर्ट राज्य सरकार को सौंप दी।
मामले ने अब राजनीतिक रंग भी ले लिया है। शिवसेना (उद्धव गुट) के सांसद संजय राउत ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि उद्धव ठाकरे की ओर से राम मंदिर के लिए दिए गए 1 करोड़ रुपये और 4 किलो चांदी की ईंट की अब तक कोई रसीद नहीं मिली है। वहीं, दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने रामलला के दर्शन के बाद कहा कि दोषियों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए और आरोप लगाया कि एफआईआर केवल दिखावा है तथा बड़े लोगों को बचाने की कोशिश की जा रही है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है और आगे की कार्रवाई जारी है।
Author: JAN TV Editorial Team
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