भारत और चीन के बीच हुए तीन समझौते
(GUJARAT, India) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अहमदाबाद में साबरमती रिवरफ्रंट पर चीनी राष्‍ट्रपति की भव्‍य खातिरदारी की। उन्‍होंने घूम-घूम कर उन्‍हें नजारे दिखाए और झूले पर भी बिठाया। कोलंबो से अहमदाबाद पहुंचे शी विश्व के पहले नेता हैं जिन्होंने गुजरात दौरे से भारत की यात्रा शुरू की है। शी को अहमदाबाद में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर "गार्ड ऑफ ऑनर" दिया गया। भारत दौरे पर शी अपनी पत्नी पेंग लियुआन और उच्चस्तरीय प्रतिनिधमंडल के साथ आए और उनका पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया। राज्यपाल ओ.पी.कोहली, मुख्यमंत्री आनंदीबेन पटेल और केंद्र व राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी भी इस दौरान मौजूद थे। इस अवसर पर गुजरात के कबायली इलाके की मंडली ने पारंपरिक लिबास पहने लोक नृत्य पेश किया और मणिनगर के श्री स्वामीनारायण गाडी संस्थान के स्कॉटिश पाइप बैंड ने भी प्रस्तुति दी। हवाई अड्डे से एक पंच सितारा होटल पहुंचे जिनपिंग का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गर्मजोशी से स्वागत किया। दोनों देशों के बीच तीन समझौतों पर हस्ताक्षर किए गए हैं। पहला समझौता ग्वांगडोंग प्रांत से, दूसरा ग्वांगझाओ प्रांत से ट्रेनिंग समझौता और तीसरा चीन डेवलपमेंट बैंक और जीआईडीसी के बीच इंडस्ट्रीयल पार्क के लिए समझौते पर हस्ताक्षर हुए। यहां से शी मोदी के साथ साबरमती गांधी आश्रम गए। जहां सूत की माला से उनका स्वागत किया गया। यहां उन्होंने महात्मा गांधी के जीवन से जुड़ी चीजों का अवलोकन किया। वहां खुद पीएम मोदी ने शी को आश्रम से जुड़ी चीजों के बारे में बताया। शी ने यहां सूत काटे। उन्हें महात्मा गांधी से जुड़े कुछ तोहफे भी दिए गए। आश्रम के अवलोकन के बाद शी ने विजिटर बुक पर हस्ताक्षर किए। इसके बाद वह साबरमती रिवर फ्रंट गार्डन में कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए रवाना हो गए। यहां पूरे गुजरात की संस्कृति को दर्शाते हुए सजावट की गई है। यहीं चीनी राष्ट्रपति के सम्मान में रात्रि भोज का आयोजन किया गया है। मोदी और शी गुरूवार को नई दिल्ली में हैदराबाद हाउस में वार्ता करेंगे, इसके बाद दोनों के बीच कई समझौतों पर हस्ताक्षर होने की संभावना है, जिसमें आधारभूत संरचना और रेलवे शामिल होंगे।

Digital Desk: Shiv Kishor

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