इस तरह बलासुर के उपकार के कारण जब देवताओं ने उसकी देह को आकाशमार्ग से ले जाना चाहा तो वायु और वेग से उसका शरीर टुकडे-टुकड़े होकर समुद्र, नदी, पर्वत, जंगल में गिरकर रत्नों की खान में बदल गए। साथ ही वह स्थान भी उन रत्नों के नाम से ही प्रसिद्ध हुए।
- मेष व वृश्चिक राशि वालों को मूंगा पहनना चाहिए। लेकिन मूंगा पहनना आपको नुकसान भी कर सकता है। इसलिए जब तक जन्म के समय मंगल की स्थिति ठीक न हो तब तक मूंगा नहीं पहनना चाहिए। यदि मंगल शुभ हो तो यह साहस, पराक्रम, उत्साह प्रशासनिक क्षेत्र, पुलिस सेना आदि में लाभकारी होता है।
- वृषभ व तुला राशि वालों को हीरा या ओपल पहनना चाहिए। यदि जन्मपत्रिका में शुभ हो तो। इन रत्नों को पहनने से प्रेम में सफलता, कला के क्षेत्र में उन्नति, सौन्दर्य प्रसाधन के कार्यों में सफलता का कारक होने से आप सफल अवश्य होंगे।
- मिथुन व कन्या राशि वाले पन्ना पहनें तो सेल्समैन के कार्य में, पत्रकारिता में, प्रकाशन में, व्यापार में सफलता दिलाता है।
- सिंह राशि वालों को माणिक ऊर्जावान बनाता है व राजनीति, प्रशासनिक क्षेत्र, उच्च नौकरी के क्षेत्र में सफलता का कारक होता है।
- कर्क राशि वालों को मोती मन की शांति देता है। साथ ही स्टेशनरी, दूध दही-छाछ, चांदी के व्यवसाय में लाभकारी होता है।
- मकर और कुंभ नीलम रत्न धारण कर सकते हैं, लेकिन दो राशियां होने सावधानी से पहनें।
- धनु व मीन के लिए पुखराज या सुनहला लाभदायक होता है। यह भी प्रशासनिक क्षेत्र में सफलता दिलाता है। वहीं न्याय से जुडे व्यक्ति भी इसे पहन सकते है। आपको सलाह है कि कोई भी रत्न किसी योग्य ज्योतिषी की सलाह बगैर कभी भी ना पहनें। इन रत्नों को हीरा, मोती, स्फटिक, मूंगा, माणिक्य, पुलक, मुक्तामणि जैसे नामों से पुकारा गया। सभी नग या रत्न सुख, आनंद, ऐश्वर्य देने वाले और पीड़ानाशक होते हैं। काम नहीं बन रहा तो पुखराज, बुरा साया है तो हीरा, शीघ्र सफलता चाहिए तो नीलम इस तरह के सुझाव अक्सर पंडित या ज्योतिषाचार्य दिया करते हैं। आइए जानते हैं कौन सा रत्न किस ग्रह के लिए पहना जाता है। साथ ही, ये भी कि उस रत्न को पहनने से फायदा क्या होगा।
ग्रह: सूर्य
रत्न: माणिक्य
इसका रंग गहरा लाल होता है। इस स्टोन को अंग्रेजी में रूबी के नाम से भी जाना जाता है। इसे दुनिया के सभी रत्नों में सबसे ज्यादा मूल्यवान माना जाता है। यह रत्न नकारात्मक ऊर्जा को सकारात्मक में बदलता है और कहा जाता है कि जिसके पास माणिक्य है वह शांत और संतुष्ट रहता है।
ग्रह: चंद्र
रत्न: मोती
मोती शांति प्रदान करने वाला होता है। इसका रंग चमकदार सफेद होता है। यह रत्न प्रेम को बढ़ाता है। इसलिए आप चाहें तो इसे उस व्यक्ति को तोहफे में दे सकते हैं जिससे आप आत्मीय संबंध चाहते हैं।ग्रह: मंगल
रत्न: मूंगा
मूंगा गहरे लाल रंग का होता है। इंग्लिश में इसे कोरल नाम से जाना जाता है। समुद्री जीव मूंगे की जमावट से यह रत्न तैयार होता है। यह हृदय में सौहाद्र्र की भावना बढ़ाता है। इसलिए व्यावहारिकता से दूर रहने वाले लोगों को यदि यह रत्न पहनाया जाए तो उनके कठोर हृदय के नरम पडऩे की संभावनाएं बनती हैं। यह रत्न धनागम के दरवाज़े भी खोलता है।
ग्रह: बुध
रत्न: पन्ना
पन्ने को अंग्रेजी में एमरल्ड कहते हैं। इसे बुध ग्रह का रत्न कहा जाता है जो कि समृद्धि बढ़ाने वाला है। विशेष रूप से बौद्धिक क्षेत्रों के लोगों को इसे पहनने की सलाह दी जाती है। जैसे, यदि आप अध्यापन, मीडिया, कला, साहित्य आदि विधाओं से जुड़े हैं तो यह रत्न तरक्की में आपकी मदद कर सकता है।
ग्रह: शनि
रत्न: नीलम
यह रत्न महंगा भी बहुत होता है। इंग्लिश में सफायर नाम से पहचाना जाने वाला यह रत्न नीली चमक लिए होता है। इस रत्न को हर कोई धारण नहीं कर पाता। माना जाता है कि नीलम से जब तक आपके शरीर का तापमान नहीं मिलता तब तक यह शुभ फल नहीं देता।
ग्रह: राहु
रत्न: गोमेद
गहरे भूरे रंग के इस रत्न को हैसोनाइट कहा जाता है। इसका रंग शहद की तरह भी होता है और ज्यादा गहरा होने पर कम रोशनी में काला दिखाई देता है।
ग्रह: केतु
रत्न: लहसुनिया
केतु का रत्न सफेद-पीला लहसुनिया होता है। बिल्ली की आंख की तरह दिखने की वजह से ही इसका नाम कैट्स आई पड़ा।
Digital Desk: Shiv Kishor
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