लोकपाल आंदोलन में अपनी पूर्व सहयोगी रहीं किरण बेदी के बीजेपी में शामिल होने के एक दिन बाद सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने कहा कि पार्टी में शामिल होने से पहले पूर्व आईपीएस अधिकारी ने उनसे सलाह-मशविरा नहीं किया था.इसके साथ हजारे ने कहा कि एक साल पहले हुए आंदोलन के बाद से किरण रालेगण नहीं आई हैं और वह उनके संपर्क में नहीं हैं. हजारे ने कहा, ‘‘बीजेपी में शामिल होने का फैसला करने से पहले उन्होंने मुझे न तो फोन किया और न ही मुझसे बातचीत की.’’
Digital Desk: Kamal
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