राहुल गांधी का कहना है कि विदेशी मेहमानों को “सीधे या परोक्ष रूप से” यह संदेश दिया जाता है कि वे विपक्ष के नेता से मुलाकात न करें। उनके अनुसार, ऐसा करना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और यह दर्शाता है कि सरकार आलोचना या वैकल्पिक दृष्टिकोण को लेकर असुरक्षित महसूस करती है।
उन्होंने कहा कि विपक्ष भी देश का प्रतिनिधित्व करता है, इसलिए किसी भी महत्वपूर्ण अंतरराष्ट्रीय बातचीत में उनकी भूमिका को सीमित नहीं किया जाना चाहिए। राहुल गांधी के इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ गई है, और सरकार व विपक्ष के बीच यह मुद्दा नई बहस की वजह बन गया है।
Author: JAN TV Editorial Team
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