इस निर्णय के तुरंत बाद China ने अमेरिका से सभी एकतरफा टैरिफ हटाने की मांग की। चीन के वाणिज्य मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा कि इस तरह के शुल्क अंतरराष्ट्रीय व्यापार नियमों और सहयोग की भावना के विपरीत हैं। चीनी पक्ष ने यह भी संकेत दिया कि यदि अमेरिका वैकल्पिक व्यापार जांच या अन्य उपायों के जरिए दबाव बनाता है, तो वह अपने हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाएगा।
वहीं ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर संकेत दिया कि प्रशासन कानूनी रूप से टिकाऊ 15% तक के नए टैरिफ विकल्पों पर विचार कर रहा है। इससे दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच व्यापारिक तनाव और गहराने की आशंका बढ़ गई है, जिसका असर वैश्विक सप्लाई चेन और बाजारों पर पड़ सकता है।
Author: JAN TV Editorial Team
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