जी4 देशों की मांग: UNSC के नए स्थायी सदस्यों को भी मिलें मौजूदा सदस्यों जैसे अधिकार
(International) संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में सुधार को लेकर भारत, ब्राजील, जर्मनी और जापान के जी4 देशों ने बड़ा प्रस्ताव रखा है। जी4 समूह ने कहा है कि सुरक्षा परिषद के नए स्थायी सदस्यों को भी मौजूदा स्थायी सदस्यों की तरह समान जिम्मेदारियां और अधिकार मिलने चाहिए।

संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि Harish Parvathaneni ने मंगलवार को सुरक्षा परिषद सुधारों पर आयोजित इंटर-गवर्नमेंटल नेगोशिएशन (IGN) बैठक में जी4 देशों की ओर से यह बयान दिया।

उन्होंने कहा कि दुनिया लंबे समय से संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में वास्तविक सुधारों का इंतजार कर रही है और अब इस दिशा में प्रगति दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि यह चर्चा मंच सुधारों के लिए बनी सहमति का मूल्यांकन करने और आगे का रास्ता तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

वीटो अधिकार के मुद्दे पर जी4 देशों ने लचीलापन दिखाते हुए कहा कि विस्तारित सुरक्षा परिषद में नए स्थायी सदस्य समीक्षा अवधि के दौरान फैसला लंबित रहने तक वीटो का इस्तेमाल नहीं करेंगे। हालांकि, समूह ने इस बात पर जोर दिया कि स्थायी सदस्यता की कोई उप-श्रेणी नहीं हो सकती।

जी4 देशों का मानना है कि यदि नए देशों को स्थायी सदस्य बनाया जाता है, तो उन्हें भी वही जिम्मेदारियां और अधिकार मिलने चाहिए जो वर्तमान स्थायी सदस्यों को प्राप्त हैं।

फिलहाल संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में 15 सदस्य हैं, जिनमें पांच स्थायी सदस्य — China, France, Russia, United Kingdom और United States — वीटो शक्ति रखते हैं। प्रस्तावित सुधार के तहत परिषद की सदस्य संख्या बढ़ाकर 25 या 26 करने की बात कही गई है, जिसमें 11 स्थायी और 14 या 15 अस्थायी सदस्य शामिल हो सकते हैं।

Author: JAN TV Editorial Team

DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।