राजधानी शिमला के किसान और व्यापारियों का कहना है कि फूल आने के मौसम में हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने फलों के उत्पादन को गंभीर रूप से प्रभावित किया है। मौसम में लगातार हो रहे बदलाव के कारण इस बार पैदावार काफी कम हुई है।
व्यापारियों के अनुसार थोक मंडियों में रोजाना आने वाले फलों की मात्रा में बड़ी कमी आई है, जिससे कारोबार धीमा पड़ गया है। इसका असर सिर्फ किसानों और व्यापारियों पर ही नहीं, बल्कि परिवहन से जुड़े लोगों और दिहाड़ी मजदूरों पर भी पड़ रहा है।
हिमाचल प्रदेश सरकार ने किसानों को हो रहे नुकसान पर चिंता जताई है। सरकार ने किसानों से फसल बीमा योजना में शामिल होने की अपील की है ताकि भविष्य में प्राकृतिक आपदाओं और मौसम से होने वाले आर्थिक नुकसान से सुरक्षा मिल सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि बदलते मौसम का असर अब पहाड़ी राज्यों की बागवानी पर भी साफ दिखाई देने लगा है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ती जा रही है।
Author: JAN TV Editorial Team
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