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निर्जला एकादशी का व्रत रखने से आपकी जन्म कुंडली में कुछ ग्रहों के नकारात्मक प्रभाव दूर हो सकते हैं और आपको भगवान विष्णु का आशीर्वाद मिल सकता है। इस दिन निर्जला एकादशी का व्रत रखने से अच्छी ऊर्जा प्राप्त करने में भी मदद मिल सकती है। सुबह से ही हजारों श्रद्धालुओं ने गंगा घाटों पर डुबकी लगाई। मान्यता है कि पांडव भाइयों में से एक भीम ने ज्येष्ठ मास की शुक्ल पक्ष की एकादशी को बिना जल ग्रहण किए एकादशी का व्रत रखा था। इस व्रत को करने से भीम को मोक्ष और लंबी आयु का वरदान मिला था। निर्जला एकादशी को सभी एकादशी व्रतों में विशेष माना जाता है और इसे पूरे साल की एकादशी व्रतों के बराबर माना जाता है।
Author: JAN TV Editorial Team
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