स्थानीय लोगों के अनुसार, तेज बारिश के बाद अचानक भयंकर भूस्खलन हुआ, जिससे कई घर बह गए। समय रहते लोग घरों से बाहर निकल आए, लेकिन पशुधन को बचाया नहीं जा सका। एक महिला मलबे में फंस गई थी, जिसे स्थानीय युवाओं ने सुरक्षित बाहर निकाला।
कांगड़ा के एएसपी वीर बहादुर ने बताया कि तीन से चार गांव इस आपदा से प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा कि राहत एवं बचाव कार्य जारी है और मानव जीवन की कोई क्षति नहीं हुई है। वहीं डीसी हेमराज बैरवा ने बताया कि प्रभावित क्षेत्र में एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें तैनात कर दी गई हैं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तुरंत बचाव अभियान चलाया जा सके।
इस बीच शिमला मौसम विज्ञान केंद्र ने बुधवार के लिए कांगड़ा और मंडी के कुछ क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। वहीं चंबा, कुल्लू, शिमला, सोलन और सिरमौर जिलों के कुछ हिस्सों में येलो अलर्ट घोषित किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में बारिश का सिलसिला 27 जुलाई तक जारी रहने की संभावना है।
Author: JAN TV Editorial Team
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