विपक्ष को मात देने की रणनीति नए कानून लाकर दलित और मुस्लिमों को साधेगी वीजेपी
(DELHI, DELHI) लोकसभा चुनाव से पहले सामाजिक समीकरणों को साधने के लिए भाजपा ने व्यापक तैयारी शुरू कर दी है। विपक्ष के पिछड़ा, दलित व मुसलमान कार्ड की काट के लिए केंद्र सरकार नए कानून लेकर आ रही है ताकि इन वर्गों को सीधा संदेश दिया जा सके।

इनमें राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा देने एससी-एसटी कानून को फिर से पुराने रूप में लागू करने और राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर के मुद्दे प्रमुख हैं। भाजपा नेतृत्व अपनी तैयारियों के बीच विपक्ष की महागठबंधन बनाने की तैयारियों पर भी नजर रखे हुए है। विपक्षी खेमा एकजुट होने पर पिछड़ा वर्ग, दलित और अल्पसंख्यक समीकरणों के बूते एनडीए पर भारी पड़ सकता है। इसकी काट के लिए भी मोदी सरकार ने जमीन तैयार करनी शुरू कर दी है। राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा देने वाले विधेयक को लोकसभा ने मंजूरी दे दी है और अगले सप्ताह वह राज्यसभा में आएगा। सरकार की कोशिश इसी सत्र में इसे पारित कराने की है ताकि वह देश भर में पिछड़ों को संदेश दे सके कि भाजपा उनकी सच्ची हितैषी है।
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