तीन चरण के मतदान के बाद, 300 सीटों पर वोट पड़ने के बाद अब विरोधियों के लिए खुले रूप से पराजय स्वीकार करने के सिवाय कोई चारा नहीं बचा है। विरोधियों ने भी मान लिया है कि फिर एक बार मोदी सरकार। तीसरा चरण समाप्त होते होते इन लोगों ने अपनी तोप का मुंह मोड़ दिया है, अब तक जितनी गालियां वो मोदी को देते थे अब वो गालियां एवीएम को देने लगे हैं। अपनी हार का ठीकरा एवीएम पर फोड़ने की शुरुआत इन्होने पहले से ही कर दी है।
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