दिल्ली सरकार और गृह मंत्रालय ने इसे खारिज करने की सिफारिश की थी। इसके बाद विनय ने राष्ट्रपति को पत्र भेजा कि याचिका उसने दायर नहीं की। तीन अन्य दाेषियाें मुकेश, पवन और अक्षय ने दया नहीं मांगी। अक्षय ने सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार अर्जी लगा दी, जिस पर 17 दिसंबर को सुनवाई है। विधि विशेषज्ञों के मुताबिक मुकेश, विनय और पवन को अलग से फांसी देने में कोई बाधा नहीं। वहीं, तिहाड़ के डीजी संदीप गोयल कहते हैं कि चारों को साथ फांसी दी जाएगी। तिहाड़ में पहली बार चार लोगों को एक साथ फांसी देने की तैयारी चल रही है।
Digital Desk: Firoz Khan
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