चुनाव में गठबंधन से बीएसपी को हुआ फायदा, बड़े नुकसान में रही एसपी
(DELHI, DELHI) सपा-बसपा गठबंधन टूटने के बाद अब आरोप-प्रत्यारोपों का दौर शुरू हो गया है। मायावती का दावा है कि यादव वोट उन्हें नहीं मिले। वहीं सपा नेताओं के आरोप हैं कि दलितों ने उन्हें वोट नहीं दिया, जबकि यादवों ने मायावती के प्रत्याशियों के लिए जी-जान से मतदान किया। सवाल है कि आखिर किसका दावा सही है? गठबंधन से नफा किसे हुआ और नुकसान किसका हुआ?
पहले सपा की जीती सीटों पर नजर डालते हैं। सपा को पांच सीटों- आजमगढ़, संभल, मुरादाबाद, रामपुर और मैनपुरी पर जीत मिली है। इनमें से अगर दो सीटों पर सपा को मिले मतों की समीक्षा करें तो तस्वीर कुछ साफ होती है। मैनपुरी मुलायम सिंह यादव की पुरानी सीट रही है। वर्ष 2014 में जीतने के बाद उन्होंने पोते तेज प्रताप सिंह यादव को यहां से उपचुनाव लड़ाया था। तब तेज प्रताप को उपचुनाव में 64 फीसदी वोट मिले। इस बार लोकसभा चुनाव में मुलायम सिंह यादव का वोट प्रतिशत 10 फीसदी घट कर 53.75 रह गया।
DISCLAIMER:

इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।