(India)
भारत को यह विमान वाहक पोत रूस से प्राप्त हुआ है। 2.3 अरब डॉलर की लागत वाले इस विमानवाहक पोत की अगवानी नौसेना की पश्चिमी कमान के युद्धपोत कर रहे हैं। उम्मीद है कि यह पोत अगले सप्ताह नौसेना के कंवर बेस पर पहुंच जाएगा। पोत के बेस पर पहुंचने के बाद इस पर हथियार, सेंसर और मिग-29के लड़ाकू विमानों की तैनाती की जाएगी। इसके बाद यह विमानवाहक पोत अभियानों के लिए पूरी तरह से तैयार हो जाएगा। विमानवाहक युद्धपोत पर कामोव 31 और कामोव 28 पनडुब्बी रोधी और समुद्री निगरानी हेलीकॉप्टर भी तैनात रहेंगे। ज्ञात हो कि 16 नवंबर को रक्षामंत्री एके एंटनी ने देश के सबसे बड़े विमानवाहक युद्धपोत को रूसी प्रधानमंत्री तथा दोनों देशों की सरकारों एवं नौसेना के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में नौसेना में शामिल किया था।
Author: JAN TV Editorial Team
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