मानवाधिकार कार्यकर्ता तीस्ता सीतलवाड और उनके पति जावेद आनंद दो हफ्ते के लिए गिरफ्तारी से बच गए हैं। बोम्बे हाईकोर्ट ने दोनों की जमानत अवधि को दो हफ्ते के लिए बढ़ा दिया है। इस तरह दोनों फिलहाल गिरफ्तारी से बच गए हैं। दोनों को डर था कि गबन के आरोप में सीबीआई की आर्थिक अपराध शाखा उन्हें गिरफ्तार कर सकती है। गौरतलब है कि सीबीआई की विशेष अदालत ने शुक्रवार को ही दोनों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद दोनों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। सीबीआई ने 8 जुलाई को तीस्ता और उनके पति के खिलाफ केस दर्ज किया था। 14 जुलाई को सीबीआई ने तीस्ता के जुहू स्थित आवास और दफ्तर सहित 4 ठिकानों पर छापे मारे थे ।
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