जब जब देश की सरहदें खतरें में पडी तो हमारे जांबाजों ने अपना सबकुछ लुटा दिया ताकि देश पर कोई आंच ना आयें और उनकी वजह से ही आज हम खुली हवा में सास ले रहें है। कारगिल युद्ध में रणबांकुरों ने देश के लिए शहादत दी थी तो दर्जनों ने अपने अंग गंवाए हैं। कारगिल विजय दिवस को आज 16 वर्ष पूरे हो गए है । 16वें कारगिल विजय दिवस की पूर्व संध्या पर थलसेनाध्यक्ष जनरल दलबीर सिंह सुहाग जम्मू-कश्मीर के द्रास स्थित युद्ध स्मारक पहुंचे। यहां उन्होंने सेना के जवानों से मुलाकात के दौरान कहा कि हम कभी दूसरे कारिगल युद्ध की इजाजत नहीं दे सकते हैं। जनरल सुहाग ने कहा कि हम अपनी सशस्त्र सेना के अदम्य साहस और बलिदान को नमन करते हैं।
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