2008 के मुंबई हमले के मामले की सुनवाई तेज करने को लेकर भारत के पत्र पर पाकिस्तान ने चुप्पी साध ली है। विदेश सचिव एस. जयशंकर द्वारा लिखे गए इस पत्र में सुनवाई तेज करने के उपाय सुझाए गए थे। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने बताया कि जयशंकर ने यह पत्र छह सितंबर को लिखा था और इस्लामाबाद में भारतीय उच्चायुक्त ने अपने हाथों से यह पत्र पाकिस्तानी अधिकारियों को नौ सितंबर को सौंपा था। स्वरूप ने कहा कि अगर पाकिस्तान 26-11 के गुनहगारों को सजा दिलाने को लेकर गंभीर है, तो उसे भारत के सुझावों पर अमल करना चाहिए। उन्होंने कहा कि पिछले आठ साल में मुंबई हमले की सुनवाई लटकी हुई है। स्वरूप ने सलाह दी कि पाकिस्तान को आतंकवाद खत्म करने और दोषियों को जल्द से जल्द सजा दिलाने पर होना चाहिए।
Author: JAN TV Editorial Team
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