नायडू ने वर्तमान शीतकालीन सत्र शुरू होने के पहले ही दिन मंत्रियों को विनती करने की साम्राज्यवादी सोच को छोड़ देने की सलाह दी थी। उन्होंने कहा था मंत्री कह सकते हैं मेरे नाम के समक्ष उल्लिखित दस्तावेज सदन के पटल पर रखने के लिए मैं खड़ा हुआ हूं।
बहरहाल आज जब विधि राज्य मंत्री पी पी चौधरी ने दस्तावेज रखते समय निवेदन शब्द का इस्तेमाल किया तो उन्होंने अपने सुझाव की याद दिलाई। नायडू ने चौधरी से कहा कृपया विनती मत करिए।
साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हो सकता है कि जब पहले उन्होंने यह सुझाव दिया हो तो चौधरी सदन में उपस्थित नहीं रहे हों। बाद में जब चौधरी ने अन्य दस्तावेज सदन के पटल पर रखे तो उन्होंने इस शब्द का प्रयोग नहीं किया।
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