पीठ ने कहा कि आधार योजनाओं से जुड़े कई तकनीकी मामले हैं जैसे सर्विलांस डेटा सुरक्षा और आधार नहीं होने या आधार की अनुपलब्धता के कारण कुछ लोगों को लाभ से वंचित रखना। केन्द्र की ओर से पेश हुए अटॉर्नी जनरल के. के. वेणुगोपाल ने कहा कि यूआईडीएआई के सीईओ इन तकनीकी पहलूओं पर ज्यादा स्पष्टता से जानकारी दे सकेंगे। उन्होंने कहा कि भारत के संविधान में प्रदत्त मौलिक अधिकारों के दो पहलू हैं। एक में भोजन का अधिकार और शिक्षा का अधिकार आता है जबकि दूसरा स्व- विवेक के अधिकार और निजता के अधिकार से जुड़ा है।
इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।