जापान ने नहीं निभाया निवेश का वादा
(International)

जापान ने भारतीय पीएम नरेंद्र मोदी की यात्रा के दौरान भले ही भारत को 35 अरब डॉलर के निवेश का वादा किया हो, लेकिन हाल में जापानी डील की संख्या में गिरावट आई है। यह जापानियों की तरफ से भारतीय कंपनियों को लेकर श्इंतजार करो और देखोश् वाले रवैये का संकेत है। पीडब्लूसी की अनैलेसिस के मुताबिक, 2014 की पहली तिमाही में स्टेक सेल से जुड़ी 10 डील हुई हैं, जबकि दूसरी और तीसरी तिमाही में यह संख्या घटकर 4 रह गई। ऐसी डील में सुस्ती की कई वजहें हैं। पहला कारण यह है कि ऐसे निवेशकों की संख्या बढ़ रही है, जो मानते हैं कि भारतीय इकॉनमी में रिकवरी वास्तविकता से ज्यादा हौव्वा का मामला है, लिहाजा सावधानी बरतने की जरूरत है। बेशक, भारत राडार पर है और पिछले 3-4 साल में जापानियों ने जिन औसत दर्जे की कंपनियों में निवेश किया है, वे लोगों का ध्यान खींच रही हैं। मोदी सरकार बनने के बाद भारतीय कंपनियों के वैल्युएशन में बढ़ोतरी से ये महंगी भी हो गई हैं।

Author: JAN TV Editorial Team

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