सूचना एवं प्रसारण मंत्री जेटली ने संचार विश्वविद्यालय की मीडिया में संभावना पर आयोजित एक संगोष्ठी में कहा कि मीडिया के क्षेत्र में पिछले डेढ़ दशक में क्रांतिकारी बदलाव आए हैं जिससे परंपरागत मीडिया पिछड़ता जा रहा है। उनहोने कहा कि आज न्यूज चैनलों की भरमार है लेकिन दर्शक अंधेरे में भटक रहा है कि कौन सा चैनल सच के ज्यादा करीब है। परंपरागत मीडिया के पास जोरदार ढंग से अपनी वापसी करने का यह सही मौका है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में मीडिया एक अहम और सशक्त माध्यम है लेकिन इसकी भूमिका बदल रही है।
इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।