छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में नक्सलियों और उनके समर्थको का पुलिस के सामने आत्मसमर्पण का सिलसिला लगातार चल रहा है। एक समय नक्सली वारदात के कारण बस्तर की अलग छवि बनी हुई थी। आज यही बस्तर नक्सलियों के आत्म समर्पण को लेकर चर्चा में है। शुक्रवार को बस्तर पुलिस के समक्ष 3 गांव के 30 माओवादियों ने आत्मसमर्पण कर दिया। इनमें से 19 मुंडागढ़, 11 मारडूम और लोहंडीगुड़ा इलाके के हैं। सभी सरेंडर्ड नक्सली कांगेर वैली नेशनल पार्क और कुदूर दलम के सक्रिय सदस्य रह चुके हैं। सभी ने बस्तर रेंज के आईजी एसआरपी कल्लूरी, कलेक्टर अमित कटारिया और एसपी आरएन दास के सामने सरेंडर किया। उन्हें बस्तर जिला मुख्यालय के कोतवाली थाने में मीडिया के सामने पेश किया गया।
VO2
बस्तर आईजी एसआरपी कल्लूरी ने बताया कि समर्पित माओवादियों में एक लाख के 3 इनामी नक्सलियों में राजूराम मरकाम, सुक्का सोढ़ी, महंगूराम नाग, बोटी मुचाकी शामिल है। सभी माओवादियों पर अलग-अलग मामले पंजीबद्घ हैं।
BYTE - एसआरपी कल्लूरी, आईजी,बस्तर
VO3
वही बस्तर कलेक्टर अमित कटारिया ने आत्मसमर्पित नक्सलियों को प्रोत्साहन के लिए 10-10 हजार रुपए की राशि प्रदान किए। उन्होनें हुए कहा कि समर्पितों को शासन की पुनर्वास नीति के तहत लाभान्वित किया जाएगा। इनकी योग्यता के अनुसार स्किल डेवलेपमेंट के तहत प्रशिक्षण देकर नौकरी दी जायेगी।
BYTE - अमित कटारिया, कलेक्टर,बस्तर
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