पहली बार दोनों पुस्तकों का इलेक्ट्रॉनिक संस्करण शुरू किया गया है। इस अवसर पर सूचना एवं प्रसारण मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि पत्रकारों और राजनेताओं को भी इस पुस्तक को पढ़ना चाहिए। साथ ही उन्होंने बताया कि ई-संस्करणों सस्ता और स्टोर करने के लिए आसान है और प्रिंट पुस्तक की लागत से 75% सस्ता भी है।
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