दिल्ली की स्कूलों में क्लासरूम्स की कमी
(India)



दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने स्कूलों में क्लासरूम और बच्चों के अनुपात का संतुलन गड़बड़ होने का हवाला देते हुए कहा है कि फिलहाल जगह की कमी से जूझ रहे स्कूलों की एक क्लास में 150 तक बच्चे पढ़ने को मजबूर हैं। अगर क्लासरूम में 150 बच्चे होंगे, तो भगवान भी टीचर बनकर आ जाएं, तब भी उन्हें नहीं पढ़ा सकते। सिसोदिया ने बुधवार को मयूर विहार में एक स्कूल के 17 नये कमरों का उद्घाटन करते हुए स्कूलों में जगह की कमी पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि इस समस्या से निपटने के लिए ही स्कूलों में अतिरिक्त क्लास बनाई जा रही है। इस काम में पारदर्शिता का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि मयूर विहार स्थित आरएसकेवी स्कूल में 16 कमरे बनाने का बजट पीडब्ल्यूडी को दिया गया था लेकिन बन गए 17 कमरे। उन्होंने कहा कि अब तक इस स्कूल में कुछ क्लासरूम में बच्चों की संख्या 70-75 थी लेकिन नये कमरों के बन जाने के बाद ये संख्या 30-40 तक आ जाएगी।
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