सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया कि राष्ट्रीय राजधानी में डीजल से चलने वाली टैक्सियों का कोई नया पंजीकरण नहीं होगा लेकिन ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट वाले कैबों को उनके परमिट के समापन तक राष्ट्रीय राजधानी में चलने देने का राहत प्रदान किया। प्रधान न्यायाधीश न्यायमूर्ति टी एस ठाकुर की अगुवाई वाली एक पीठ ने कहा, दिल्ली में नयी डीजल टैक्सियों का पंजीकरण नहीं होगा। सिटी टैक्सियों के सारे पंजीकरण केवल तभी होंगे जब वे वाहन द्वैध इंर्धन (सीएनजीपेट्रोल) या विशुद्धतरू सीएनजी या पेट्रोल पर चलेंगे। हम यह स्पष्ट करते हैं कि नये डीजल वाहनों का सिटी टैक्सियों के तौर पर पंजीकरण नहीं हो सकता। शीर्ष अदालत ने वर्तमान ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट (एआईटीपी) वाले डीजल टैक्सियों को उनके परमिट, जो पांच सालों के लिए जारी किया गया है, के समापन तक राष्ट्रीय राजधानी में चलने की इजाजत दी और कहा कि उनका कोई नवीकरण नहीं होगा।
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