संसद पर हमले के दोषी अफजल गुरू की बरसी पर आयोजित किए गए कार्यक्रम के दौरान कथित रूप से देश विरोधी नारेबाजी की गई थी. छात्रों के नाम वाले सर्क्युलर पर जेएनयू के रजिस्ट्रार की टिप्पणी अंकित है.इसमें कहा गया, ‘‘अगले नोटिस तक इन छात्रों का पंजीकरण रोका जाता है.’’ जहां विश्वविद्यालय प्रशासन ने घटनाक्रम को लेकर कुछ नहीं कहा, वहीं प्रभावित छात्रों ने अदालत के आदेश का उल्लंघन बताते हुए इसका विरोध किया है.फैसले से प्रभावित होने वाले छात्र आशुतोष ने कहा, ‘‘यह उच्च न्यायालय के आदेश का उल्लंघन है जिसने विश्वविद्यालय को हमारे खिलाफ कार्रवाई करने से रोका हुआ है.’’
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