न्यायमूर्ति विरेंद्र कुमार की एकलपीठ ने आवेदक को अर्जी की प्रति उपलब्ध कराने का निर्देश दिया। साथ ही एक सप्ताह के भीतर जवाबी हलफनामा दायर करने का आदेश दिया।
आवेदक की ओर से वरीय अधिवक्ता पीके शाही ने अदालत को बताया कि दर्ज प्राथमिकी के खिलाफ दो अर्जी दायर की गई है। इन दोनों पर एक साथ सुनवाई की जाए। प्राथमिकी में एससी-एसटी की धारा तथा पॉक्सो को हटाने के लिए केस दायर किया गया है। एससी-एसटी कानून के तहत किसी तरह का अपराध करने का आरोप नहीं लगाया गया है।
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