मैनपाट का संभोता तिब्बती स्कूल: आधुनिक शिक्षा और प्राचीन संस्कृति का संगम
(CHHATTISGARH, CHHATTISGARH) छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में मैनपाट की शांत पहाड़ियों में बसा संभोता तिब्बती स्कूल एक अनोखा उदाहरण है जहां आधुनिक शिक्षा के साथ प्राचीन तिब्बती संस्कृति का संरक्षण किया जा रहा है। 1960 में स्थापित इस स्कूल का उद्देश्य तिब्बती भाषा और सांस्कृतिक विरासत को बचाए रखना है। यहां गणित, विज्ञान जैसे विषय तिब्बती भाषा में पढ़ाए जाते हैं, जिससे बच्चे अपनी मातृभाषा में शिक्षा प्राप्त कर सकें।

स्कूल के शिक्षकों के अनुसार, स्मार्ट कक्षाओं और डिजिटल उपकरणों के माध्यम से छात्रों में रचनात्मकता और जिज्ञासा को बढ़ावा दिया जा रहा है। तिब्बती गीतों, नृत्य और संगीत के जरिए यहां की परंपराओं को जीवित रखा जा रहा है, जो बच्चों को अपनी संस्कृति से जुड़े रहने में मदद करता है। कक्षा पांच तक के इस स्कूल में बच्चों की नींव तैयार की जाती है, जो आगे की शिक्षा के लिए महत्वपूर्ण है।

Author: JAN TV Editorial Team

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