यह माना जाता है कि दोस्तों के बीच रहकर खुश रहा जा सकता है। लेकिन हर किसी के साथ ऐसा नहीं होता। विशेषकर मेधावी छात्रों के लिए यह एक समस्या हो सकती है। लंदन में मनोवैज्ञानिकों के एक शोध में यह बात सामने आई कि मेधावी लोगों को दोस्तों का साथ खुशी नहीं देता। 18 से 28 साल की आयु वर्ग के 15 हजार छात्र-छात्राओं पर हुए सर्वे यह बात सामने आई कि जो मेधावी लोग अपने दोस्तों के साथ ज्यादा समय बिताते हैं, वे अपने जीवन से कम संतुष्ट होते हैं।
Author: JAN TV Editorial Team
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