(BIHAR, India)
जानकारी के अनुसार, एक अनुमान के तहत अब तक दो करोड़ 77 लाख रुपये कीमत की फसल बर्बाद हुई है। सबसे बुरी हालत नालंदा जिले की है, जहां बाढ़ से कई गांवों की हालत गंभीर है। यहां एक तीन मंजिले मकान के ढहने से जहां आठ लोगों की मौत हो गई, वहीं दो लोग बाढ़ के पानी में बह गए। इसके अलावा रविवार को भी लहेरी थाना क्षेत्र में दो लोगों की मौत हो गई। इधर मुजफ्फरपुर जिले के कटरा प्रखंड में दो लोगों की मौत हो गई जबकि मधेपुरा के चौसा प्रखंड में एक आदमी की कोसी में डूबने से मौत हो गई। इधर, आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव व्यासजी और राज्य के मुख्य सचिव अंजनी कुमार सिंह ने नालंदा और नवादा ज़िले के बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया और बताया कि कोलकाता से एनडीआरएफ की एक टीम पटना के बेलची के लिए रवाना हो गई है। इसके अलावा एनडीआरएफ की दो-दो टीमें सुपौल, दरभंगा जबकि सहरसा, नालंदा, गोपालगंज और मुजफ्फरपुर में एक-एक टीम भेजी गई है। राज्य के बाढ़ प्रभावित जिलों में सहरसा, सुपौल, पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, मधुबनी, दरभंगा, मुज़फ्फरपुर, सीतामढ़ी, नवादा और नालंदा शामिल हैं। दूसरी ओर, पटना के निवासी बारिश के बाद हुए जलजमाव से परेशान हैं। बीते दिनों हुए भारी बारिश के बाद पटना के कई इलाके पूरी तरह जलमग्न हो गए हैं।
Author: JAN TV Editorial Team
DISCLAIMER: इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी केवल सामान्य एवं शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए है। हमने जानकारी को सटीक रखने का प्रयास किया है, लेकिन इसकी पूर्णता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं दी जाती। तृतीय-पक्ष वेबसाइटों या स्रोतों की सामग्री पर हमारा नियंत्रण नहीं है। इस जानकारी के आधार पर लिया गया कोई भी निर्णय आपके अपने विवेक और जोखिम पर होगा।