गंगा दशहरा 2025: 5 जून को होगी माँ गंगा की धरती पर आगमन की पूजा
(India) गंगा दशहरा 2025 इस वर्ष 5 जून को मनाया जाएगा। यह पर्व माँ गंगा के पृथ्वी पर आगमन की स्मृति में मनाया जाता है। मान्यता है कि राजा भगीरथ की तपस्या से प्रसन्न होकर माँ गंगा भगवान शिव की जटाओं से होते हुए इसी दिन पृथ्वी पर आई थीं। शास्त्रों में गंगा को मोक्षदायिनी और पवित्र माना गया है। तुलसीदास ने रामचरितमानस में गंगा को सभी सुखों और कल्याण की मूल बताया है। गंगा स्नान, व्रत, भजन-पूजन और दान इस दिन विशेष फलदायी माने जाते हैं।

इस वर्ष गंगा दशहरा पर दशमी तिथि 4 जून की रात 11:54 से शुरू होकर 6 जून की रात 2:15 तक रहेगी, इसलिए पर्व 5 जून को मनाया जाएगा। इस दिन रवि योग और सिद्धि योग का शुभ संयोग बन रहा है। गंगा स्नान संभव न हो तो घर पर गंगाजल मिलाकर स्नान करना चाहिए। परंपरा अनुसार, 10 वस्तुओं का दान—जैसे 10 फल, पंखे, सुराही, छाते आदि—किया जाता है। यह पर्व माँ गंगा की आराधना के साथ जल संरक्षण और सांस्कृतिक चेतना का भी प्रतीक है।

Author: JAN TV Editorial Team

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